काशी हिंदू विश्वविद्यालय के प्रो. गुरु प्रसाद सिंह एनडीडीबी के विशेषज्ञ निदेशक नियुक्त, बधाई देने वालों का लगा तांता

वाराणसी 30जुलाई :काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) के कृषि विज्ञान संस्थान अंतर्गत दुग्ध विज्ञान एवं खाद्य विभाग के प्रोफेसर गुरु प्रसाद सिंह को भारत सरकार के मत्स्य पालन, पशुपालन एवं डेयरी मंत्रालय द्वारा राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड (NDDB) का विशेषज्ञ निदेशक नियुक्त किया गया है। उनकी इस बड़ी उपलब्धि से विश्वविद्यालय परिवार, मित्रों और रिश्तेदारों में हर्ष की लहर दौड़ गई है।
प्रो. गुरु प्रसाद सिंह को शिक्षण, अनुसंधान, विस्तार और प्रशासन के क्षेत्र में 34 वर्षों का विस्तृत अनुभव है। वे पिछले 17 वर्षों से प्रोफेसर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। इससे पूर्व भी वे राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड के निदेशक मंडल के सदस्य, एनडीडीबी मृदा लिमिटेड के स्वतंत्र निदेशक तथा भारतीय राष्ट्रीय सहकारी संघ के सलाहकार बोर्ड में अपनी सेवाएं दे चुके हैं।
कई राष्ट्रीय सम्मानों से हो चुके हैं अलंकृत
दुग्ध विज्ञान और पशुपालन के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रो. सिंह को पूर्व में कई प्रतिष्ठित पुरस्कारों से नवाजा जा चुका है। इनमें छत्तीसगढ़ की ‘भारतीय गो-वंश रक्षण एवं संवर्धन परिषद’ द्वारा प्रदत्त गौ ज्योति पुरस्कार (2013), डॉ. राजेंद्र प्रसाद सिंह गौ रक्षा पुरोधा सम्मान (2018) और प्रगति पर्यावरण संरक्षण ट्रस्ट, लखनऊ द्वारा प्रदत्त उत्तर प्रदेश गौरव सम्मान (2018) प्रमुख हैं।
8 पुस्तकों के लेखक और प्रमुख संस्थाओं के सदस्य
अकादमिक क्षेत्र में सक्रिय प्रो. सिंह की अब तक 8 पुस्तकें प्रकाशित हो चुकी हैं। वे इंडियन डेयरी एसोसिएशन, इंडियन इकोनॉमिक एसोसिएशन, इंडियन साइंस कांग्रेस सोसाइटी और सोसाइटी फॉर कम्युनिटी मोबिलाइजेशन फॉर सस्टेनेबल डेवलपमेंट जैसी देश की कई प्रतिष्ठित संस्थाओं के आजीवन सदस्य हैं।
प्रो. सिंह लगातार किसानों को आत्मनिर्भर बनाने, स्वरोजगार अपनाने और कृषि क्षेत्र में नवाचार के लिए प्रेरित करते रहे हैं। बीएचयू में भी उन्होंने समय-समय पर कई महत्वपूर्ण प्रशासनिक दायित्वों का सफलतापूर्वक निर्वहन किया है। उनकी इस नई जिम्मेदारी से डेयरी विकास और किसान कल्याण के कार्यों को और गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।






