प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र में भाजपा को बड़ा झटका, MLC स्नातक सीट पर भी सपा का कब्जा

आशुतोष सिन्हा बने नए MLC, 55,046 वोट हासिल कर केदारनाथ सिंह को हराया; बोले— “अभी तो ये झांकी है”
वाराणसी 29अक्टूबर :उत्तर प्रदेश विधान परिषद (MLC) चुनाव के नतीजों ने प्रदेश के सियासी गलियारों में हलचल पैदा कर दी है। कुल 11 सीटों पर हुए चुनाव में भले ही भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने 6 सीटों पर जीत दर्ज की हो, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में सपा ने ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए भाजपा को करारी शिकस्त दी है।
वाराणसी खंड स्नातक सीट पर समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रत्याशी आशुतोष सिन्हा ने भाजपा के केदारनाथ सिंह को बड़े अंतर से हरा दिया। आशुतोष सिन्हा को कुल 55,046 वोट मिले, जबकि भाजपा प्रत्याशी केदारनाथ सिंह 35 हजार से अधिक वोटों के साथ दूसरे स्थान पर रहे।
वाराणसी की दोनों MLC सीटों (शिक्षक व स्नातक) पर सपा की लहर
वाराणसी खंड में शिक्षक और स्नातक दोनों ही सीटों पर समाजवादी पार्टी ने अपना परचम लहराया है:
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स्नातक निर्वाचन क्षेत्र: सपा के आशुतोष सिन्हा ने भाजपा के केदारनाथ सिंह को पराजित किया।
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शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र: सपा के लाल बिहारी यादव ने भाजपा के प्रमोद कुमार मिश्रा को 4,898 मतों से करारी शिकस्त दी। उल्लेखनीय है कि वर्ष 2020 में भी लाल बिहारी यादव ने जीत दर्ज की थी, लेकिन इस बार उनकी जीत का अंतर काफी बढ़ गया है।
“कार्यकर्ताओं का संघर्ष रंग लाया”: आशुतोष सिन्हा
जीत के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए आशुतोष सिन्हा ने अपनी सफलता का श्रेय सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव और पार्टी कार्यकर्ताओं के अथक परिश्रम को दिया।
“पार्टी के कार्यकर्ता पूरी-पूरी रात जागकर सड़कों पर डटे रहे। हमारे शीर्ष नेतृत्व ने तीन दिनों तक सुबह से रात तक सड़कों पर रहकर कार्यकर्ताओं का हौसला बढ़ाया। कार्यकर्ताओं की सतर्कता की वजह से प्रशासन निष्पक्ष रहा।” — आशुतोष सिन्हा, नवनिर्वाचित MLC (सपा)
अयोध्या, काशी और प्रयागराज में सपा को मिली बढ़त पर पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, “अभी तो यह झांकी है, उत्तर प्रदेश में सरकार बनना बाकी है। हम प्रदेश में अगली सरकार बनाने जा रहे हैं।”
शिक्षकों और युवाओं का सपा के प्रति बढ़ता विश्वास: लाल बिहारी
शिक्षक सीट से दोबारा जीते लाल बिहारी यादव ने अपनी जीत पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव का शिक्षकों के प्रति हमेशा सकारात्मक दृष्टिकोण रहा है। जैसे स्व. मुलायम सिंह यादव को शिक्षक समुदाय का नेता माना जाता था, वही विश्वास अब अखिलेश यादव पर भी दिख रहा है। उन्होंने कहा कि नौकरी की सुरक्षा और अधिकार चाहने वाले सभी शिक्षक सपा के साथ मजबूती से खड़े हैं।
एक नज़र में चुनाव परिणाम
| सीट / क्षेत्र | विजयी उम्मीदवार | पराजित उम्मीदवार | जीत का अंतर / मुख्य बिंदु |
|---|---|---|---|
| वाराणसी स्नातक | आशुतोष सिन्हा (SP) | केदारनाथ सिंह (BJP) | 55,046 वोट पाकर एकतरफा जीत |
| वाराणसी शिक्षक | लाल बिहारी यादव (SP) | प्रमोद कुमार मिश्रा (BJP) | 4,898 वोटों से हराया |
| कुल 11 सीटें (UP) | BJP: 6 सीटें |






