आइसा की ‘GenZ महाजुटान यात्रा’ तमाम रुकावटों के बाद पहुँचीं BHU, नेहा बोरा के नेतृत्व में आयोजित हुई ‘GenZ चौपाल’

भाजपा-आरएसएस को सत्ता के साथ-साथ समाज और शिक्षण संस्थानों से भी बेदखल करेगा GenZ उभार: नेहा बोरा
पेपर लीक, बुलडोजर कार्रवाई और रेहड़ी-पटरी व्यवसायियों के मुद्दों पर छात्रों और पीड़ितों से हुआ सीधा संवाद
वाराणसी13सितंबर :अखिल भारतीय विद्यार्थी संगठन (AISA) की ‘GenZ महाजुटान यात्रा’ तमाम प्रशासनिक और अन्य रुकावटों के बावजूद आज बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) परिसर पहुँची। इस दौरान विश्वविद्यालय के पं. ओंकारनाथ प्रेक्षागृह में एक ‘GenZ चौपाल’ का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं और युवाओं ने भाग लिया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवा पीढ़ी के साथ देश के मौजूदा सामाजिक, राजनीतिक और शैक्षणिक सवालों पर खुला एवं लोकतांत्रिक संवाद स्थापित करना रहा।
चौपाल को संबोधित करते हुए आइसा की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा, “आज देश भर में जो GenZ का उभार देखने को मिल रहा है, वह सिर्फ सत्ता परिवर्तन तक सीमित नहीं रहेगा। यह छात्र और युवा उभार भाजपा और आरएसएस की विचारधारा को न केवल सत्ता से बाहर करेगा, बल्कि उन्हें समाज और शैक्षणिक संस्थानों से भी पूरी तरह बेदखल करने का काम करेगा।”
कार्यक्रम में जंतर-मंतर पर पेपर लीक के खिलाफ चले ऐतिहासिक आंदोलन के प्रमुख नेताओं में शामिल आइसा के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष मनीष कुमार ने भी अपने विचार रखे। उन्होंने कहा, “आज की GenZ केवल सोशल मीडिया तक सीमित रहने वाली पीढ़ी नहीं है। यह पीढ़ी शिक्षा, रोजगार, सामाजिक न्याय, लोकतंत्र और अपने संवैधानिक अधिकारों को लेकर गंभीर सवाल उठा रही है और सड़क पर उतरकर जवाब मांगना जानती है।”
चौपाल के दौरान शहर में हाल ही में हुई बुलडोजर तोड़फोड़ की घटनाओं, रेहड़ी-पटरी व्यवसायियों पर आई आंच और मीट बिक्री पर लगे प्रतिबंध से प्रभावित पीड़ितों के मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। आइसा नेताओं ने पीड़ित परिवारों व व्यवसायियों के प्रति अपना समर्थन जताया।
कार्यक्रम में ‘GenZ कनेक्ट यात्रा’ के प्रतिनिधि रजत सिंह सहित कई अन्य वक्ताओं ने अपने विचार रखे। चौपाल का सफल संचालन आइसा BHU के नेता रोशन पांडेय ने किया। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित छात्रों ने विश्वविद्यालय और समाज में लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा का संकल्प लिया।






